पुष्कर धामी कैबिनेट की बैठक समाप्त, इन प्रस्तावों पर लगी मोहर

0
88

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक संपन्न हो गई है बैठक में कुल 7 प्रस्ताव सामने आए जिसमें सभी प्रस्तावों पर मुहर लग गई है। जिस में मुख्य रूप से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चुनाव के समय जो जनता से वादा किया है उस वादे पर खरी उतरती दिखाई दी है। दरअसल, धामी 2.0 कैबिनेट ने निर्णय लिया है कि प्रदेश में सभी अंत्योदय राशन कार्ड धारकों को हर साल, 3 गैस सिलेंडर मुफ्त दी जाएगी। जिस पर मंत्रिमंडल ने भी मुहर लगा दी है।

प्रदेश के सभी अंत्योदय राशन कार्ड धारकों को साल में तीन गैस सिलेंडर मुफ्त देगी सरकार। 1,84,142 कार्ड धारको को मिलेगा लाभ ।

किसानों को 20 रुपये प्रति क्विंटल बोनस दिया जाएगा।

उत्तराखंड कैबिनेट बैठक खत्म

एसएस सन्धू मुख्य सचिव ने दी जानकारी

कुल 7 मामलों पर लगी मुहर

विधायी एवं संसदीय विभाग के सत्रवासन को दी मंजूरी

हरिद्वार में जिला पंचायत चुनाव पर हुई चर्चा

एडवोकेट जनरल को अनुरोध किया जाएगा कि विभिन्न विधिक पहलू से कैबिनेट को अवगत कराया जाए।

अंत्योदय योजना के जरिए 3 फ्री सिलेंडर को मंजूरी

किसानों को गेंहू पर प्रति क्विंटल 20 रुपए का बोनस

गन्ना चीनी विभाग मूल्य भुगतान के लिए सरकार व्यवस्था करेगी

पशुपालन विभाग कृत्रिम गर्भाधान के लिए कर्मचारियों को पूर्व की भांति 40 मैदान में पहाड़ में 50 दिन दिए जाएंगे।

केदारनाथ में कुछ बिल्डिंगे बननी थी, पहली मंजिल के बाद दूसरी मंजिल बनेगी, वही ठेकेदार बनाएगा।

उत्तराखंड कैबिनेट की बैठक खत्म हो गई है। बैठक में 7 प्रस्ताव आए। फैसला लिया गया कि प्रदेश में सभी अंतोदय राशन कार्ड धारकों को को 3 गैस सिलेंडर निशुल्क दिए जाएंगे। इसका लाभ 1 लाख 84 हजार 142 राशन कार्ड धारकों को मिलेगा।

कैबिनेट ने विधायी और संसदीय विभाग के सत्रवासन को मंजूरी दी गई। इस दौरान हरिद्वार में जिला पंचायत निर्चावन को लेकर चर्चा की गई। इस मामले में कैबिनेट ने एडवोकेट जनरल से विभिन्न विधिक पहलुओं से कैबिनेट को अवगत कराने का अनुरोध किया जाएगा।

सरकार ने किसानों को गेंहू पर प्रति क्विंटल 20 रुपये का बोनस देने का भी फैसला लिया है। गन्ना चीनी विभाग से मूल्य भुगतान के लिए सरकार व्यवस्था करेगी। पशुपालन विभाग कृतम गर्भाधान के लिए कर्मचारियों को पूर्व की भांति 40 मैदान में पहाड़ में 50 दिए जाएंगे।

केदारनाथ में कुछ बिल्डिंगें बननी थी, जिनके निर्माण को ठेका पहले ही दिया जा चुका था। तय किया गया के भवनों की दूसरी मंजिलों का निर्माण भी वही ठेकेदार करेगा जो पहली मंजिल का निर्माण कर चुका है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here