नगर निगम का शहरभर में अभियान, 1714 चालान आठ लाख से अधिक का जुर्माना वसूला

Astitva Times Desk
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नगर निगम के वार्ड नंबर 60 डांडा लखौंड में तहसील प्रशासन के साथ संयुक्त अभियान के तहत गोल्डन फॉरेस्ट की भूमि पर बने सात मकानों की बाउंड्रीवाल ध्वस्त

देहरादून। नगर निगम देहरादून द्वारा शहर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के उद्देश्य से विशेष अभियान चलाया गया। दो दिसंबर से 21 फरवरी 2026 तक चलाए गए इस व्यापक अभियान के तहत सार्वजनिक एवं सरकारी भूमि पर किए गए अवैध कब्जों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की गई। नगर आयुक्त के निर्देश पर गठित प्रवर्तन टीमों ने विभिन्न वार्डों और क्षेत्रों में सघन निरीक्षण कर कई स्थानों पर अतिक्रमण हटाए और निगम भूमि को पुनः अपने कब्जे में लिया।

प्रमुख कार्यवाहियां
वार्ड नंबर 60 डांडा लखौंड क्षेत्र में तहसील के साथ संयुक्त अभियान के तहत गोल्डन फॉरेस्ट की भूमि पर बने सात मकानों की बाउंड्रीवाल ध्वस्त की गई।

अभियान के दौरान कई महत्वपूर्ण स्थानों पर कार्रवाई की गई। मौजा किशनपुर में लगभग 500 वर्ग मीटर निगम भूमि पर बनाई गई अवैध दीवार को ध्वस्त कर भूमि को कब्जा मुक्त कराया गया। साथ ही 1590 वर्ग मीटर भूमि पर निगम स्वामित्व स्थापित करते हुए बोर्ड लगाए गए।

वार्ड संख्या 17, चक्कूवाला में पार्षद की शिकायत पर अतिक्रमण हटाया गया।

मौजा भण्डार गांव और ग्रीन वैली, मसूरी रोड स्थित निगम भूमि पर स्वामित्व बोर्ड लगाए गए ताकि भविष्य में दोबारा अवैध कब्जे न हो सकें।
सीमाद्वार (वार्ड संख्या 40) में भी भूमि चिन्हित कर बोर्ड स्थापित किए गए।

नेहरू ग्राम स्थित मयूर कॉलोनी फेज-2 में लगभग 900 वर्ग मीटर भूमि पर नगर निगम और तहसील की संयुक्त टीम ने अतिक्रमण हटाकर पुनः कब्जा प्राप्त किया।

नेहरू कॉलोनी में मानव भारती स्कूल के समीप अतिक्रमण हटाया गया।

मोकमपुर माजरा माफी में अवैध झोपड़ियां हटाई गईं।

ज्वालपा एन्क्लेव में सड़क पर किए गए अवैध निर्माण को ध्वस्त किया गया। अधोईवाला में धरना स्थल के पास अवैध निर्माण हटाया गया।

इसके अलावा वार्ड संख्या 94, नथनपुर में 54 वर्ग मीटर भूमि पर निगम स्वामित्व बोर्ड लगाया गया।

वार्ड संख्या 84, बंजारावाला में कुआं वाली भूमि पर निगम ने कब्जा प्राप्त किया।

तुनतोवाला क्षेत्र में भी बाउंड्रीवाल ध्वस्त कर भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया।

प्रवर्तन एवं राजस्व कार्यवाही
अभियान के दौरान कुल 1714 चालान किए गए और ₹8,76,850 का अर्थदंड वसूल कर निगम कोष में जमा कराया गया। प्रवर्तन टीमों ने अतिक्रमणकारियों को भविष्य में अवैध कब्जा न करने की सख्त चेतावनी भी दी।

नगर निगम ने नागरिकों से अपील की है कि वे सार्वजनिक स्थलों, सड़कों, नालियों और सरकारी भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न करें। यदि कहीं अवैध निर्माण या कब्जा होता है तो उसकी सूचना तत्काल निगम कार्यालय को दें।नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि शहर को सुव्यवस्थित और अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए यह अभियान आगे भी निरंतर जारी रहेगा तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।

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