IPL सट्टेबाजी रैकेट का भंडाफोड़, पुलिस ने पांच को किया गिरफ्तार

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देहरादून राजधानी देहरादून में आईपीएल मैचों पर ऑनलाइन सट्टा खिलाने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का पुलिस और उत्तराखंड एसटीएफ ने संयुक्त कार्रवाई में पर्दाफाश किया है। बसंत विहार थाना क्षेत्र के ऋषि विहार कॉलोनी स्थित किराये के फ्लैट से संचालित इस अवैध नेटवर्क से जुड़े पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। प्रारंभिक जांच में इस गिरोह के तार दुबई से संचालित प्रतिबंधित महादेव बैटिंग एप और रेडीबुक बैटिंग एप से जुड़े पाए गए हैं।

पुलिस को लगातार सूचना मिल रही थी कि आईपीएल मैचों के दौरान देहरादून में बड़े स्तर पर ऑनलाइन सट्टेबाजी कराई जा रही है। इसके बाद देहरादून पुलिस और एसटीएफ की संयुक्त टीम ने देर रात ऋषि विहार स्थित फ्लैट पर छापेमारी की। छापे के दौरान पांच युवक मोबाइल फोन और लैपटॉप के जरिए लाइव मैचों पर ऑनलाइन सट्टा संचालित करते हुए पकड़े गए।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से 3 लैपटॉप, 17 मोबाइल फोन, 22 एटीएम कार्ड, इंटरनेट उपकरण और भारी मात्रा में डिजिटल डेटा बरामद किया। बरामद सामग्री से संकेत मिले हैं कि गिरोह लंबे समय से संगठित तरीके से ऑनलाइन सट्टेबाजी चला रहा था। सभी आरोपियों के खिलाफ थाना बसंत विहार में जुआ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे “रेडीबुक बैटिंग एप” के माध्यम से आईपीएल मैचों पर सट्टा लगवाते थे। एप का एक्सेस, लॉगिन आईडी और संचालन संबंधी तकनीकी सहायता उन्हें सुमित यादव नामक व्यक्ति से मिलती थी, जो दिल्ली-गुरुग्राम क्षेत्र में रहकर इस पूरे नेटवर्क को संचालित कर रहा है।

जांच एजेंसियों के अनुसार यह पूरा नेटवर्क दुबई से नियंत्रित किया जा रहा था। आरोपी व्हाट्सएप ग्रुप, ऑनलाइन लिंक और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए लोगों को जोड़ते थे। ग्राहकों से विभिन्न बैंक खातों में रकम जमा करवाई जाती थी, जिसके बाद आईपीएल मैचों पर दांव लगवाए जाते थे।

पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि मुख्य संचालक सुमित यादव पहले देशभर में चर्चित और प्रतिबंधित “महादेव बैटिंग एप” से भी जुड़ा रहा है। भारत में महादेव एप पर शिकंजा कसने के बाद उसने “रेडीबुक बैटिंग एप” के जरिए नया नेटवर्क खड़ा कर लिया।
एसटीएफ और पुलिस अब बरामद मोबाइल, लैपटॉप, बैंक खातों और डिजिटल डेटा की गहन जांच कर रही है। आशंका जताई जा रही है कि इस नेटवर्क से कई अन्य राज्यों के लोग भी जुड़े हो सकते हैं। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान छत्तीसगढ़ के सरगुजा निवासी सुनील शर्मा, संदीप गुप्ता, अकरंद शर्मा और अभिषेक शर्मा के रूप में हुई है। इनके अलावा बिहार के औरंगाबाद निवासी संदीप कुमार को भी गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार ऑनलाइन सट्टेबाजी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और इस नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है।