उदयन शालिनी फैलोशिप के अंतर्गत देहरादून से पचास छात्राओं का छात्रवृत्ति हेतु चयन

MS Malik
By
6 Min Read

देहरादून। उदयन केयर ट्रस्ट ने देहरादून में अपवंचित समाज के बच्चों के लिए छात्रवृत्ति योजना शुरू की है। उदयन केयर पंजीकृत ट्रस्ट है जिसका मुख्यालय दिल्ली है। ट्र्स्ट अलग-अलग क्षेत्रों में कईं वर्षों से काम कर रहा है। उदयन केयर अनाथ एवं बेसहारा बच्चों के लिए घर एवं परिवार के अधिकारों के लिए काम करता है। यह संस्था लड़कियों की उच्च शिक्षा एवं कई अन्य क्षेत्रों में प्रशिक्षित करती है। इसी क्रम में आज उदयन शालिनी फैलोशिप के अंतर्गत इस वर्ष से चयनित छात्राओं की आनलाइन इंडक्शन सेरेमनी आयोजित की गई। आज के कार्यक्रम के मुख्य अतिथि यूजेवीएन लिमिटेड के प्रबन्ध निदेशक संदीप सिंघल थे।

संदीप सिंघल ने इस अवसर पर अपने संबोधन में कहा कि उदयन संस्था द्वारा बेटियों को विभिन्न प्रकार से सशक्त बनाने, खासकर उनको शिक्षित करने का जो महत्वपूर्ण कार्य किया जा रहा है वह आने वाली पीढ़ियों को भी शिक्षित, सशक्त एवं स्वावलंबी बनाने में सहयोगी होगा। महिलाएं और बेटियां जितनी अधिक शिक्षित और सशक्त होंगी हमारा समाज और देश भी उतना ही अधिक शक्तिशाली और उन्नत होगा। सिंघल ने कहा कि जब जब मौका मिला है महिलाओं और बेटियों ने हर क्षेत्र में सफलता प्राप्त कर स्वयं को साबित किया है। आज खेल, राजनीति, मेडिकल, इंजिनियरिंग, शिक्षा, प्रशासन, सुरक्षा आदि हर क्षेत्र में महिलाओं और बेटियों ने अपनी क्षमताओं को साबित किया है।

सिंघल ने उदयन केयर के बेटियों को शिक्षा के माध्यम से सशक्त बनाने का प्रयास की प्रशंसा करते हुए कहा कि समुचित शिक्षा के बिना महिला या पुरुष किसी के भी आर्थिक, सामाजिक एवं व्यक्तित्व का विकास बेहद मुश्किल है। उन्होंने कहा कि जिस समाज में महिलाएं शिक्षित एवं जागरूक होती हैं वहां सामाजिक कुरीतियां भी नहीं के बराबर होती हैं। श्री सिंघल ने नए बैच में चयनित सभी छात्राओं को कि इस फैलोशिप का पूरा पूरा लाभ उठाते हुए इससे अपने भविष्य को सशक्त एवं उन्नत बनाने का पूरे मनोयोग से प्रयास करें। उन्होंने सलाह दी कि शिक्षा आपके द्वारा अपने उज्ज्वल भविष्य के लिए आज किया गया वह निवेश है जो आपका साथ जीवन भर देगा और यदि वे आगामी पांच वर्षों तक जी-जान से मेहनत करेंगी तो उनके आनेवाले पचास साल निश्चित ही बेहतरीन होंगे।

इस अवसर पर देहरादून संयोजक विमल डबराल ने बताया कि उदयन शालिनी फैलोशिप के अंतर्गत समाज की आर्थिक रुप से कमजोर किंतु शैक्षिक रुप से होनहार छात्राओं को भविष्य में शैक्षिक सहयोग हेतु कक्षा ग्यारह से प्रारंभ कर दो से छह वर्षों तक प्रतिमाह छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। इसके लिए सरकारी एवं सहायता प्राप्त स्कूलों में ग्यारहवीं में पढ़ने वाली छात्राओं का लिखित परीक्षा, इंटरव्यू, होम विजिट आदि के बाद छात्रवृत्ति हेतु चयन किया जाता है। चयन प्रक्रिया उत्तराखण्ड बोर्ड की दसवीं कक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद प्रारंभ की जाती है। इसके अंतर्गत ऐसी छात्राएं पात्र होती हैं जिनके परिवार की सालाना आय दो लाख सोलह हजार से अधिक न हो तथा दसवीं कक्षा में न्यूनतम साठ प्रतिशत अंक प्राप्त किए हों। चयनित छात्राओं को प्रतिमाह छात्रवृत्ति प्रदान करने के साथ साथ उनके व्यक्तित्व विकास एवं शैक्षिक तथा अन्य ज्ञान बढ़ाने के लिए समय समय पर विविध प्रकार के कार्यक्रम भी आयोजित किए जाते हैं। देहरादून में वर्तमान में लगभग 175 छात्राओं को इस कार्यक्रम के अंतर्गत छात्रवृत्ति प्रदान की जा रही है।

image description

उदयन केयर की मैनेजिंग ट्रस्टी डाॅ. किरण मोदी ने बताया कि उदयन शालिनी फैलोशिप कार्यक्रम सन् 2002 से उदयन केयर संस्था द्वारा समाज की आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की छात्राओं की उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता एवं मार्गदर्शन प्रदान कर उनके पूर्ण व्यक्तित्व विकास के लिए चलाया जा रहा है।

72 छात्राओं के साथ दिल्ली से प्रारंभ हुआ उदयन शालिनी फैलोशिप कार्यक्रम इस समय 13 राज्यों के 26 शहरों जिनमें दिल्ली (नाॅर्थ/साउथ/ नोएडा/ईस्ट दिल्ली), कुरूक्षेत्र, गुरूग्राम एवं पंचकूला (हरियाणा), देहरादून एवं हरिद्वार (उत्तराखंड), कोलकाता (पश्चिम बंगाल), औरंगाबाद, मुम्बई, ठाणे एवं पुणे (महाराष्ट्र), फगवाड़ा (पंजाब), जयपुर (राजस्थान), हैदराबाद (तेलंगाना), ग्रेटर नोएडा (उत्तर प्रदेश) एवं चेन्नई (तमिलनाडु), वडोदरा (गुजरात), बद्दी (हिमाचल प्रदेश) एवं बेंगलुरू (कर्नाटक) में पहुंच चुका है।

आज के कार्यक्रम में मुख्य अतिथि यूजेवीएन लिमिटेड के प्रबन्ध निदेशक संदीप सिंघल, उदयन केयर ट्रस्ट की मैनेजिंग ट्रस्टी डाॅ. किरण मोदी, संयोजक विमल डबराल, उदयन ट्रस्ट से अरुण तलवार, फहीम, आशीष सिंह, कोर कमेटी से श्रीमती दलजीत कौर, श्रीमती सुमन तिवारी, श्रीमती कमल शर्मा तथा कोआर्डिनेटर सुश्री वरुणा, सुश्री फरहा नाज सहित बड़ी संख्या में छात्राएं एवं उनके अभिभावक तथा अन्य लोगों ने भागीदारी की।

Share This Article
Leave a Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!