फैसला: संघ ने प्रांत प्रचारक युद्धवीर और सह प्रचारक देवेन्द्र को उत्तराखंड से हटाया

0
56

इलाहाबाद में संघ की अखिल भारतीय प्रतिनिधि सभा में हुए फैसले के बाद लिया निर्णय

देहरादून। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और भाजपा के रणनीतिकारों ने उत्तराखंड में राजनीतिक फेरबदल की कवायद शुरू कर दी है। संघ ने उत्तराखंड के भर्ती प्रकरण में चर्चित हुए संघ प्रान्त प्रचारक युद्धवीर सिंह से उत्तराखंड की जिम्मेदारी हटा ली गयी है। तीन दिन से इलाहाबाद में जारी राष्ट्रीय स्वंय संघ की अखिलभारतीय प्रतिनिधि सभा की बैठक में इस फैसले पर मुहर लगाई गई। युद्धवीर यादव को पूर्वी क्षेत्र की जिम्मेदारी दी गई है। युद्धवीर कई साल से उत्तराखंड में संघ की गतिविधियों का संचालन कर रहे थे। और भाजपा व संघ में विशेष हैसियत रखते रहे।‌इसके अलावा, इलाहाबाद में हुई संघ की बैठक में सह प्रांत प्रचारक देवेंद्र को सह क्षेत्र सेवा प्रमुख ग्राम विकास की जिम्मेदारी देते हुए उत्तराखंड से मुक्त कर दिया गया है।

गौरतलब है कि युद्धवीर का नाम उत्तराखंड के भर्ती घोटाले में तेजी से उछला था। एक सूची भी वॉयरल हुई थी जिसमें इनके करीबियों की उत्तराखंड के विभिन्न विभागों में नौकरी लगने की बात कही गयी थी। संघ के पदाधिकारियों ने तत्काल सीएम को पत्र सौंप मामले की जांच की मांग की थी। इस प्रकरण से भौंचक राज्य सरकार ने वॉयरल सूची की तुरन्त जॉच कराई थी। और राज्य पुलिस ने 24 घण्टे के अंदर कह दिया कि सूची फर्जी है।‌ फिर भी, इस मामले के तूल पकड़ने के बाद संघ व भाजपा नेतृत्व के कान खड़े हुए। और प्रान्त प्रचारक युद्धवीर यादव से उत्तराखंड की जिम्मेदारी तुरन्त ले ली गयी थी। लेकिन मोहर प्रयागराज में चल रही संघ की बैठक में लगाई गई।

दरअसल, विधानसभा भर्ती घोटाले में संघ, संगठन व सरकार से जुड़े मंत्रियों, नेताओं व अन्य प्रमुख लोगों के नाम सामने आने से पार्टी को भारी फजीहत झेलनी पड़ी। इस मुद्दे पर भाजपा नेतृत्व ने संघ ,संगठन व धामी कैबिनेट में बदलाव पर गहनता से मंथन किया। इस कड़ी में पहले संघ के इन दोनों प्रमुख नेताओं की उत्तराखंड से छुट्टी की। इसके बाद जनता को भाजपा के अगले आपरेशन का बेसब्री से इंतजार है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here