देहरादून। राजधानी देहरादून के रायपुर क्षेत्र में हुई सनसनीखेज फायरिंग की वारदात का पुलिस ने महज कुछ घंटों के भीतर खुलासा करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस जांच में सामने आया है कि यह हमला किसी तत्काल हुए विवाद का नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के बिजनौर से चली आ रही पुरानी रंजिश का परिणाम था। पुलिस अब फरार आरोपियों की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
पुलिस के अनुसार, 3 जुलाई 2026 की रात रायपुर थाना क्षेत्र के रिंग रोड स्थित शराब के ठेके के बाहर नवीन राणा और रोहन कुमार खड़े थे। तभी तीन से चार हमलावर वहां पहुंचे और दोनों को निशाना बनाते हुए ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। फायरिंग में नवीन राणा के कंधे में गोली लगी, जबकि मौके से गुजर रहे कमेन्द्र शर्मा के पैर में भी गोली लग गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के निर्देश पर पांच विशेष टीमों का गठन किया गया। पुलिस ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, तकनीकी साक्ष्य जुटाए और घायलों व प्रत्यक्षदर्शियों से गहन पूछताछ की। तकनीकी जांच और लगातार की गई कार्रवाई के आधार पर पुलिस ने तीन आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि घायल कमेन्द्र शर्मा का कुछ समय पहले बिजनौर में आयोजित एक शादी समारोह के दौरान अक्षय प्रधान नामक युवक से विवाद हुआ था। इसके बाद अक्षय प्रधान लगातार कमेन्द्र शर्मा को फोन पर धमकियां दे रहा था।
पुलिस के अनुसार, इसी पुरानी रंजिश का बदला लेने के लिए अक्षय प्रधान अपने साथियों के साथ देहरादून पहुंचा और योजनाबद्ध तरीके से रायपुर में फायरिंग की वारदात को अंजाम दिया। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर घटना में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य बरामद करने में जुटी है। वहीं, वारदात में शामिल अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फरार आरोपियों को भी जल्द गिरफ्तार कर पूरे मामले का विधिवत खुलासा किया जाएगा।












