आठ महीने पहले हुई थी शादी, मौत से पहले शिक्षिका पत्नी ने वीडियो जारी कर बयां की थी पीड़ा, शिक्षिका की संदिग्ध मौत पर परिजनों का हत्या का आरोप, पुलिस जांच में जुटी
देहरादून। टिहरी जिले में तैनात युवा शिक्षिका सृष्टि कंडारी की शादी के महज आठ महीने बाद हुई संदिग्ध मौत ने जनता को झकझोर कर रख दिया है। मौत से पहले सृष्टि द्वारा अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए बनाया गया वीडियो सामने आने के बाद मामला और गंभीर हो गया है। इस बहुचर्चित प्रकरण में पुलिस ने सचिवालय में निजी सचिव के पद पर तैनात पति सौरभ खत्री, उसकी मां और बहन के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
सृष्टि कंडारी राजकीय इंटर कॉलेज रिगोली (मल्ली), विकासखंड कीर्तिनगर, टिहरी गढ़वाल में शिक्षिका के पद पर कार्यरत थीं। उनका विवाह नवंबर 2025 में देहरादून निवासी सौरभ खत्री से हुआ था, जो उत्तराखंड सचिवालय में निजी सचिव के पद पर तैनात है। शादी को अभी आठ महीने भी पूरे नहीं हुए थे कि 29 जुलाई को सृष्टि की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। जानकारी के अनुसार, मौत से पहले सृष्टि ने एक वीडियो रिकॉर्ड कर अपने साथ हो रही कथित प्रताड़ना और मानसिक पीड़ा का जिक्र किया था। वीडियो बनाने के कुछ समय बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई। ससुराल पक्ष उन्हें कैलाश अस्पताल लेकर पहुंचा, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। वीडियो के सामने आने के बाद मामला प्रदेशभर में चर्चा और संवेदना का विषय बन गया है।
मृतका की मां सीमा कंडारी, निवासी श्रीकोट (पौड़ी गढ़वाल), ने हर्रावाला पुलिस चौकी में दी गई तहरीर में गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि शादी के बाद से ही उनकी बेटी को दहेज और अन्य बातों को लेकर लगातार मानसिक एवं शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया जाता था। सृष्टि को कथित रूप से मनहूस कहकर अपमानित किया जाता था और परिवार में होने वाली अशुभ घटनाओं के लिए भी उसे जिम्मेदार ठहराया जाता था। तहरीर में यह भी उल्लेख किया गया है कि ससुराल पक्ष सृष्टि से कहता था कि उसके घर आने के बाद ही परिवार में अशुभ घटनाएं शुरू हुईं और एक सदस्य की मृत्यु के लिए भी उसे दोषी ठहराया जाता था। लगातार मिल रहे ऐसे तानों और प्रताड़ना के कारण वह मानसिक तनाव में रहती थी। मृतका की मां का दावा है कि सृष्टि कई बार फोन पर अपने साथ हो रहे व्यवहार की जानकारी उन्हें दे चुकी थी।
सीमा कंडारी ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि उनकी बेटी की हत्या की गई है और इस घटना में पति सौरभ खत्री, उसकी मां, बहन तथा अन्य परिजनों की भूमिका है। उन्होंने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और निष्पक्ष जांच की मांग की है। मामले की गंभीरता को देखते हुए डोईवाला थाना पुलिस ने मृतका की मां की तहरीर के आधार पर भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 80(2) के तहत पति, सास और ननद के खिलाफ दहेज मृत्यु का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वीडियो, पोस्टमार्टम रिपोर्ट, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य और अन्य तथ्यों के आधार पर मामले की गहन जांच की जा रही है। 29 जुलाई की रात पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद 30 जुलाई को हरिद्वार के खड़खड़ी श्मशान घाट में सृष्टि का अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस घटना ने एक बार फिर दहेज उत्पीड़न और विवाहिता महिलाओं की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब प्रदेश की निगाहें पुलिस जांच पर टिकी हैं। सवाल यह है कि आखिर आठ महीने पहले सात फेरों के साथ नए जीवन की शुरुआत करने वाली सृष्टि की जिंदगी इतनी जल्दी क्यों और कैसे खत्म हो गई। इसका जवाब जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा, लेकिन फिलहाल यह मामला प्रदेश के सबसे चर्चित मामलों में शामिल हो चुका है।











